जैश सरगना मसूद अजहर पर चीन मेहरबान, चौथी बार किया वीटो!

नई दिल्ली। एक बार फिर आतंकी अजहर के लिए चीन सुरक्षा कवच बनकर आगे आया और वह वैश्विक आंतकी बनने से बच गया। इससे पहले यह उम्मीद जताई जा रही थी कि इस बार अजहर मसूद पर लगाम लग जाएगी, लेकिन भारत की उम्मीदों और दुनिया के बड़े देशों के प्रयासों पर चीन ने पानी फेर दिया।

यह चौथा मौका है जब चीन ने आतंकी अजहर मसूद को वैश्विक आतंकी होने से बचाया है। चीन के वीटो के बाद यह साफ हो गया किमसूद अजहर अंतरराष्ट्रीय आतंकी घोषित नहीं होगा। और यूएन में मसूद अजहर के खिलाफ प्रस्ताव रद्द कर दिया गया।

अमेरिका ने बुधवार को चीन की तरफ इशारा करते हुए यहां तक कहा था कि मसूद पर प्रतिबंध लगाने की कोशिश कामयाब नहीं हुई तो इससे क्षेत्रीय स्थिरता को नुकसान पहुंचेगा। मसूद अजहर पर संयुक्त राष्ट्र की तरफ से प्रतिबंध लगाने के लिए अमेरिका, फ्रांस और ब्रिटेन ने संयुक्त राष्ट्र की 1267 समिति के तहत प्रतिबंध लगाने का प्रस्ताव किया था।

यह प्रतिबंध तभी लागू हो सकता था जब पांचों स्थायी सदस्य और दस अस्थायी सदस्य इसका समर्थन करते।विगत में चार बार चीन की तरफ से इस प्रस्ताव के खिलाफ वोटिंग की जा चुकी है। इस बार भी चीन के तेवर कुछ ऐसे ही दिखे।

चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है कि इस मामले का समाधान इस तरह निकलना चाहिए जिससे सभी पक्षों को संतुष्टि हो।

वैसे चीन ने यह शर्त भी लगा दी थी कि 1267 समिति के सभी नियमों का पालन किया जाना चाहिए। जाहिर है कि पूर्व की तरह इस बार भी चीन अपने मित्र देश पाकिस्तान की मदद करने के लिए प्रस्ताव का विरोध करके मौलाना मसूद अजहर को अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों से बचा लिया।